फालता में TMC उम्मीदवार जहांगीर खान ने चुनाव से नाम वापस लिया: 21 मई को मतदान, 24 मई को मतगणना

कोलकाता/फालता, 20 मई 2026
पश्चिम बंगाल की फालता विधानसभा सीट पर पुनर्मतदान से महज दो दिन पहले तृणमूल कांग्रेस (TMC) के उम्मीदवार जहांगीर खान ने बुधवार को चुनावी मैदान से अपना नाम वापस ले लिया। इस फैसले से फालता में राजनीतिक हलचल मच गई है। जहांगीर खान ने प्रेस कॉन्फ्रेंस कर घोषणा की कि फालता क्षेत्र के विकास और शांति के मद्देनजर उन्होंने यह फैसला लिया है। उन्होंने मुख्यमंत्री द्वारा फालता के लिए घोषित स्पेशल डेवलपमेंट पैकेज का हवाला दिया और कहा, “मैं फालता का बेटा हूं। मैं चाहता हूं कि यहां शांति बनी रहे और विकास हो।” 

फालता विधानसभा में कल यानि 21 मई को पुनर्मतदान होने हैं। जबकि मतगणना 24 मई 2026 को होंगे। 

वोटिंग के ठीक पहले लोकल लोग अपने घरों से बाहर निकल आए और सेंट्रल फोर्स से गुहार लगाने लगे कि वे वहां से न जाएं। उन्हें डर है कि कंही अगर TMC जीत जाती, तो जहांगीर की ताकतवर सेना उन पर पूरी तरह से कहर बरपा देती। चुनाव आयोग ने पुनर्मतदान के लिए दुगुनी सुरक्षा व्यवस्था की है।

नामांकन वापसी की आखिरी तारीख बीत चुकी होने के कारण जहांगीर खान का नाम और चुनाव चिन्ह EVM पर दिखाई देगा, लेकिन वे चुनाव नहीं लड़ रहे हैं। फालता सीट पर 29 अप्रैल को हुए मतदान में EVM tampering, वोटर intimidation और बड़े स्तर पर अनियमितताओं के आरोप लगे थे। चुनाव आयोग ने पूरे क्षेत्र के 285 बूथों पर मतदान रद्द कर दिया और 21 मई को पुनर्मतदान का आदेश जारी किया था। जहांगीर खान, जिन्हें ‘पुष्पा’ वाले बयान के कारण चर्चा मिली थी, अभिषेक बनर्जी के करीबी माने जाते हैं।

तृणमूल कांग्रेस ने स्पष्ट किया है कि जहांगीर खान का यह फैसला उनका व्यक्तिगत निर्णय है, पार्टी का नहीं। पार्टी ने इसे BJP के दबाव का नतीजा भी बताया है।
जहांगीर खान के हटने के बाद मुख्य मुकाबला बीजेपी के देवांगशु पांडा, कांग्रेस के अब्दुर रज्जाकर मोल्ला और सीपीआईएम के शंभू नाथ कुर्मी के बीच होगा। 

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *