इंफाल, 04 फरवरी 2026
मणिपुर में लगभग एक साल तक चले राष्ट्रपति शासन के बाद बुधवार (4 फरवरी 2026) को राजनीतिक स्थिरता की दिशा में बड़ा कदम उठाया गया। भारतीय जनता पार्टी (बीजेपी) के वरिष्ठ नेता युमनाम खेमचंद सिंह (Yumnam Khemchand Singh) को राज्य के 13वें मुख्यमंत्री के रूप में शपथ दिलाई गई। राज्यपाल अजय कुमार भल्ला ने इम्फाल के लोक भवन में शाम को उन्हें पद एवं गोपनीयता की शपथ दिलाई।
खेमचंद सिंह को मंगलवार (3 फरवरी 2026) को दिल्ली में बीजेपी विधायक दल की बैठक में एनडीए विधायक दल का नेता चुना गया था। इसके बाद उन्होंने सरकार गठन का दावा पेश किया, जिसके चलते राष्ट्रपति शासन हटाया गया। यह शपथ ग्रहण मणिपुर में मई 2023 से जारी मैतेई-कुकी जातीय हिंसा के बाद राजनीतिक सामान्य स्थिति बहाल करने की दिशा में महत्वपूर्ण माना जा रहा है।
कैबिनेट और प्रमुख नियुक्तियां:
- मुख्यमंत्री: युमनाम खेमचंद सिंह (बीजेपी, मैतेई समुदाय से)
- उपमुख्यमंत्री:
- नेमचा किपगेन (Nemcha Kipgen, बीजेपी, कुकी-जो समुदाय से) – राज्य की पहली महिला उपमुख्यमंत्री और कुकी-जो समुदाय से पहली उपमुख्यमंत्री
- लोसी दिखो (Losii Dikho, नागा पीपुल्स फ्रंट से) – नागा समुदाय का प्रतिनिधित्व
- अन्य प्रमुख मंत्री: गोविंदास कोंथौजम को गृह मंत्री बनाया गया है।
पूर्ण कैबिनेट विस्तार अभी बाकी है, लेकिन शुरुआती शपथ में मुख्यमंत्री, दो उपमुख्यमंत्रियों और कुछ अन्य मंत्रियों ने पद ग्रहण किया। नई सरकार में मैतेई, कुकी-जो और नागा समुदायों का प्रतिनिधित्व सुनिश्चित किया गया है, जो राज्य में शांति बहाली के लिए अहम कदम माना जा रहा है।
खेमचंद सिंह का संक्षिप्त परिचय
62 वर्षीय युमनाम खेमचंद सिंह सिंगजामेई विधानसभा क्षेत्र से विधायक हैं। वे पूर्व विधानसभा स्पीकर (2017-2022) रह चुके हैं और 2022 में शिक्षा, ग्रामीण विकास जैसे विभागों के कैबिनेट मंत्री थे। ताइक्वांडो में ब्लैक बेल्ट धारक खेमचंद सिंह RSS से भी जुड़े रहे हैं और मैतेई समुदाय से आते हैं।नई सरकार ने शांति, विकास और जातीय सौहार्द पर जोर देते हुए काम करने का संकल्प लिया है। यह घटनाक्रम मणिपुर के लिए नई शुरुआत का प्रतीक माना जा रहा है।
