रांची/मनाली, 25 फरवरी 2026
झारखंड के पूर्व मुख्यमंत्री चंपई सोरेन के परिवार पर गहरा सदमा छा गया है। उनके 21 वर्षीय पोते वीर सोरेन (वीर बाबूलाल सोरेन के बड़े बेटे) की हिमाचल प्रदेश के प्रसिद्ध पर्यटन स्थल कुल्लू-मनाली में अचानक मौत हो गई। वीर अपने दोस्तों के साथ छुट्टियां मनाने गए थे, जहां उच्च ऊंचाई (हाई एल्टीट्यूड) के कारण उनकी तबीयत बिगड़ गई।
घटना के अनुसार, वीर सोरेन 22 फरवरी को अपने मित्रों के साथ मनाली पहुंचे थे और सिमसा क्षेत्र में एक निजी होटल/होम स्टे में ठहरे थे। सोमवार को वे सोलंग वैली (सोलंगनाला) और हामटा स्नो प्वाइंट घूमने गए, जहां बर्फबारी का मजा लिया और स्कीइंग जैसी गतिविधियां कीं। मंगलवार को होटल लौटने के बाद उन्हें तेज सिरदर्द हुआ, जिसके बाद वे बेहोश हो गए। दोस्तों ने उन्हें तुरंत नजदीकी अस्पताल पहुंचाया, लेकिन डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया।
मनाली पुलिस ने इसे प्रारंभिक रूप से ‘नैचुरल डेथ’ (प्राकृतिक मौत) बताया है, मुख्य रूप से हाई एल्टीट्यूड सिकनेस (ऊंचाई से जुड़ी बीमारी) को कारण मानते हुए। हालांकि, कुछ रिपोर्टों में मौत को संदिग्ध परिस्थितियों में बताया गया है और पोस्टमार्टम रिपोर्ट का इंतजार किया जा रहा है। पुलिस ने शव को अपने कब्जे में ले लिया है और जांच जारी है।
खबर मिलते ही पूर्व मुख्यमंत्री चंपई सोरेन मनाली के लिए रवाना हो गए। पूरे परिवार और झारखंड के राजनीतिक-सामाजिक हलकों में गहरा शोक है। वीर सोरेन की उम्र 19-22 वर्ष बताई जा रही है (विभिन्न स्रोतों में मामूली अंतर), लेकिन अधिकांश रिपोर्टों में उन्हें 21 वर्षीय बताया गया है। यह घटना हिमाचल प्रदेश में पर्यटकों के लिए हाई एल्टीट्यूड के खतरों की याद दिलाती है, जहां अचानक सिरदर्द, सांस की तकलीफ जैसी समस्याएं जानलेवा साबित हो सकती हैं। परिवार ने किसी भी तरह की जांच या पोस्टमार्टम में सहयोग का भरोसा जताया है।
